Join Telegram Group

आधुनिक भारत का इतिहास ( 1761 - 1971 A.D. ) 250 + Important Short Questions & Answers For B.A. Final Year Exam

History Of Moders India B.A. Final Year Exam

ईस्ट इण्डिया कम्पनी की स्थापना कब हुई ?

31 दिसम्बर , 1600 को ईस्ट इण्डिया कम्पनी की स्थापना हुई ।

एशियाटिक सोसायटी ऑफ बंगाल की स्थापना कब हुई थी ?

एशियाटिक सोसायटी ऑफ बंगाल की स्थापना 15 जनवरी , 1784 को विलियम जोंस ने कोलकाता स्थित विलियम फोर्ट में की थी ।

बंगाल में 1760 की क्रान्ति क्या थी ?

26 सितम्बर , 1760 को मीर कासिम ( मीर जाफर का दामाद ) एवं अंग्रेजों में समझौता हो गया । अंग्रेजों ने मीर जाफर को मीर कासिम के पक्ष में गद्दी छोड़ने को कहा । उसने आना - कानी की तो अंग्रेजों ने उसके महल को घेर लिया । अपनी असमर्थता को देखकर नवाब मीर जाफर गद्दी छोड़ कलकत्ता चला गया । इस घटना को अंग्रेज इतिहासकारों ने बंगाल की दूसरी क्रान्ति कहा है ।

पानीपत का तृतीय युद्ध कब और किस - किसके मध्य लड़ा गया था ? इस युद्ध में मराठों का नेतृत्व किसने किया था ?

पानीपत का तृतीय युद्ध 1761 ई . में मराठों तथा अफगानिस्तान के शासक अहमदशाह अब्दाली के मध्य लड़ा गया था । इस युद्ध में मराठा सेना का नेतृत्व सदाशिवराव भाऊ ने किया था ।

बंगाल में अपने स्वतंत्र राज्य की स्थापना कब और किसने की थी ?

1740 ई.में अलीवर्दी खाँ ने बंगाल में अपने स्वतंत्र राज्य की स्थापना की थी ।

पेशवा बाजीराव प्रथम की कोई दो महत्त्वपूर्ण उपलब्धियाँ बताइए ।

पेशवा बाजीराव प्रथम की दो उपलब्धियाँ हैं ( 1 ) उसने गुजरात तथा मालवा पर विजय प्राप्त की । ( 2 ) उसने बुन्देलखण्ड पर भी मराठों का प्रभुत्व स्थापित किया ।

ऐसे तीन पेशवाओं के नाम बताइए जिनके समय में मराठा शक्ति का सर्वाधिक प्रसार हुआ था ।

पेशवा बालाजी विश्वनाथ , पेशवा बाजीराव प्रथम और पेशवा बालाजी बाजीराव के समय में पेशवा शक्ति का सर्वाधिक प्रसार हुआ था ।

महादजी सिन्धिया ।

महादजी सिन्धिया एक प्रभावशाली मराठा सरदार , कूटनीतिज्ञ तथा सेना संचालक था । उत्तरी भारत में 1761 ई . के पश्चात् मराठों के प्रभाव और प्रभुत्व को पुनः स्थापित करना उसी का कार्य था ।

बसीन की सन्धि का मराठा संघ पर क्या प्रभाव पड़ा ?

बसीन की सन्धि द्वारा मराठा संघका अध्यक्ष पेशवा अंग्रेजों के नियन्त्रण में आ गया ।

पानीपत के तृतीय युद्ध में मराठों की पराजय के मुख्य कारणों को रेखांकित कीजिए

( 1 ) दोषपूर्ण सैन्य व्यवस्था , ( 2 ) अनुशासन का अभाव , ( 3 ) मराठा सरदारों में एकता का अभाव , ( 4 ) जाटों तथा राजपूतों का असहयोग ।

मराठा संघ के सदस्यों के नाम बताइए ।

( 1 ) सिन्धिया , ( 2 ) भौंसले , ( 3 ) गायकवाड़ , ( 4 ) होल्कर ।

सालबाई सन्धि की दो शर्ते बताइए ।

( 1 ) सालसेट तथा भड़ौच पर अंग्रेजों का अधिकार स्वीकार कर लिया गया । ( 2 ) अंग्रेजों ने रघुनाथ राव का पक्ष छोड़ दिया तथा मराठों ने रघुनाथ राव को तीन लाख रुपए वार्षिक पेंशन के रूप में देना स्वीकार कर लिया ।

नाना फड़नवीस कौन था ?

नाना फड़नवीस एक प्रभावशाली तथा चतुर कूटनीतिज्ञ मराठा - सरदार था । उसने मराठों की शक्ति तथा प्रतिष्ठा में वृद्धि की । लगभग आधी शताब्दी तक मराठा राजनीति में उसका प्रभाव बना रहा ।

नाना फड़नवीस की दो उपलब्धियों का उल्लेख कीजिए ।

नाना फड़नवीस की दो उपलब्धियाँ थीं— ( i ) रघुनाथराव को मराठा पेशवा बनने से रोकना , तथा ( ii ) 1795 ई.में खुर्दा नामक स्थान पर निजाम को पराजित करना ।

सालबाई की संधि कब और किस - किस के बीच हुई थी ?

सालबाई की संधि 17 मई , 1782 ई.को अंग्रेजों और मराठों के बीच हुई थी ।

सालबाई की संधि का महत्त्व बताइए ।

सालबाई की संधि से 20 वर्षों तक अंग्रेजों और मराठों के बीच शान्ति बनी रही । इस संधि के कारण भारत में अंग्रेजों का प्रभुत्व स्थापित होने का मार्ग प्रशस्त हो गया ।

तृतीय आंग्ल - मराठा युद्ध कब शुरू हुआ ? यह युद्ध किसके बीच लड़ा गया था ?

तृतीय आंग्ल - मराठा युद्ध 16 अप्रैल , 1804 ई.को मराठा सरदार होल्कर तथा अंग्रेजों के बीच लड़ा गया था ।

तृतीय आंग्ल - मराठा युद्ध के दो कारण बताइए ।

तृतीय आंग्ल - मराठा युद्ध के दो कारण थे— ( 1 ) अंग्रेजों के अपमानजनक व्यवहार से पेशवा बाजीराव द्वितीय नाराज था । ( 2 ) अंग्रेज पेशवा बाजीराव द्वितीय और गायकवाड़ के आपसी विवाद का लाभ उठाना चाहते थे ।

तृतीय आंग्ल - मराठा युद्ध के दो परिणाम बताइए ।

( 1 ) ईस्ट इण्डिया कम्पनी की शक्ति व प्रभाव में वृद्धि हुई । वह भारत की सर्वोच्च प्रभुत्वसम्पन्न शक्ति बन गई । ( 2 ) अंग्रेजी साम्राज्य का काफी विस्तार हुआ ।

एक्स - ला शैपल की सन्धि ( 1748 ) की प्रमुख शर्ते क्या थीं ?

एक्स - ला शैपल की सन्धि से अंग्रेज तथा फ्रांसीसियों ने एक - दूसरे के जीते हुए प्रदेश लौटा दिए और अनेक बन्दियों को मुक्त कर दिया । अंग्रेजों को मद्रास वापस मिल गया । इसके बदले फ्रांस ने अमेरिका में लूबर प्राप्त किया ।

मीर कासिम कौन था ?

मीर कासिम बंगाल के नवाब मीर जाफर का दामाद था । 20 अक्टूबर , 1760 को अंग्रेजों ने मीर कासिम को बंगाल की गद्दी पर बिठा दिया । 1764 ई.में अंग्रेजों और मीर कासिम के बीच बक्सर का युद्ध हुआ ।

विलियम बैंटिक के दो सामाजिक सुधार लिखिए ।

( 1 ) 1829 में सती प्रथा को अवैध घोषित करना , तथा ( 2 ) 1832 में दास प्रथा की समाप्ति ।

सिराजुद्दौला कौन था ?

सिराजुद्दौला 1756 ई . में बंगाल का नवाब बना । 1757 ई . में प्लासी के में उसकी हार हुई और वह मारा गया ।

1765 ई . में शुजाउद्दौला एवं अंग्रेजी ईस्ट इण्डिया कम्पनी के बीच सम्पन्न हुई अवध की सन्धि की दो शर्ते लिखिए ।

( 1 ) अवंध के नवाब ने अवध राज्य में कम्पनी को कर - मुक्त व्यापार करने की सुविधा प्रदान की । ( 2 ) अवध के नवाब शुजाउद्दौला से कड़ा और इलाहाबाद के जिले छीन लिए गए तथा ये दोनों जिले मुगल सम्राट शाह आलम को दे दिए गए ।

अलीनगर की सन्धि की दो शर्तों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) अंग्रेजों के दस्तक ( पास ) जो भी माल आयेगा , उस पर बंगाल ( बिहार और उड़ीसा सहित ) की सीमाओं में कोई भी चुंगी नहीं ली जायेगी । ( 2 ) नवाब ने अंग्रेजों को हुई क्षति की पूर्ति के लिए उनको तीन लाख रुपये देना स्वीकार किया ।

प्लासी के युद्ध के आर्थिक कारण क्या थे ?

( 1 ) अंग्रेजी कम्पनी बंगाल के धन - सम्पन्न प्रदेश पर अधिकार करके अपनी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ करना चाहती थी । ( 2 ) अंग्रेजी कम्पनी के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने व्यापारिक सुविधाओं का दुरुपयोग करना शुरू कर दिया था ।

प्लासी युद्ध के दो परिणाम बताइए ।

( 1 ) प्लासी युद्ध से बंगाल पर अंग्रेजों का प्रभुत्व स्थापित हो गया । ( 2 ) इससे अंग्रेजी कम्पनी की शक्ति तथा प्रतिष्ठा में वृद्धि हुई ।

कार्नवालिस कोड से आप क्या समझते हैं ?

कार्नवालिस ने प्रजा को न्यायिक नियमों की जानकारी देने के लिए एक संहिता तैयार करवाई , जिसे कार्नवालिस कोड के नाम से जाना जाता है ।

भारत में अंग्रेजी शिक्षा का आरम्भ कब और किसने किया था ?

भारत में अंग्रेजी शिक्षा का आरम्भ लार्ड मैकाले ने सन् 1835 में किया था ।

वुड्स डिस्पैच के बारे में आप क्या जानते हैं ?

वुडस डिस्पैच के अन्तर्गत प्राथमिक शिक्षा से लेकर विश्वविद्यालयी शिक्षा तक की व्यवस्था बनाई गई । शिक्षा के लिए यह योजना 1854 ई.में बनाई गई थी ।

काल कोठरी की घटना क्या थी ?

20 जून , 1756 को सिराजुद्दौला के आदेश से 146 अंग्रेज बन्दियों को एक 18 फुट लम्बी तथा 14 फुट 10 इंच चौड़ी कोठरी में बंद कर दिया गया जिसमें दम घुटने से 123 अंग्रेज बन्दी मर गए । इसे काल कोठरी की घटना कहते हैं ।

1765 की इलाहाबाद की संधि की महत्ता क्या थी ?

1765 की इलाहाबाद की संधि से मुगल सम्राट शाह आलम तथा अवध के नवाब पर अंग्रेजों का प्रभाव स्थापित हो गया । बंगाल , बिहार व उड़ीसा की दीवानी अंग्रेजी कम्पनी को मिल गई । इलाहाबाद की संधि से कम्पनी की स्थिति सुदृढ़ हो गई ।

' दस्तक ' से क्या तात्पर्य है ? अथवा ' दस्तक प्रथा ' क्या थी ?

1717 ई . में मुगल सम्राट फर्रुखसियर ने अंग्रेजों को बंगाल में बिना चुंगी दिये व्यापार करने की सुविधा दी थी । ईस्ट इण्डिया कम्पनी अपने ' दस्तक ' से कम्पनी के माल को एक स्थान से दूसरे स्थान पर लाने - ले - जाने का पत्र जारी करती थी । इसे दस्तक कहा जाता था । दस्तक वाले सामान पर चुंगी कर नहीं लगता था ।

अलीनगर की संधि कब और किस - किस के बीच हुई ?

अलीनगर की संधि 9 फरवरी , 1757 ई.को सिराजुद्दौला और अंग्रेजों के बीच हुई ।

लाहौर की संधि की किन्हीं दो शर्तों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) सतलज और व्यास के बीच के प्रदेश अंग्रेजों को दिये गये । ( 2 ) सिक्खों पर डेढ़ करोड़ रुपया युद्ध का हर्जाना थोपा गया ।

प्रथम आंग्ल - सिक्ख युद्ध क्यों हुआ ?

रणजीतसिंह की मृत्यु के पश्चात् उसके अयोग्य उत्तराधिकारियों के कारण पंजाब में अशान्ति फैल गई । इससे सिक्ख सेना अनियन्त्रित हो गई ।

भारत के किस गवर्नर जनरल के कार्यकाल में अवध का विलय हुआ ? विलय को किस आधार पर उचित ठहराया गया ?

लार्ड डलहौजी के कार्यकाल में अवध का विलय हुआ।इस विलय को उचित ठहराने का आधार अवध में व्याप्त अशान्ति , अराजकता तथा कुशासन को बताया गया ।

अंग्रेजों द्वारा अवध का विलीनीकरण क्यों किया गया ?

अंग्रेजों द्वारा अवध राज्य का विलीनीकरण अपनी साम्राज्य विस्तार की महत्त्वाकांक्षा पूर्ति हेतु किया गया । ब्रिटिश साम्राज्य ने विलीनीकरण हेतु अवध के नवाब पर कुशासन का आरोप लगाया ।

भैरोवाल की सन्धि में पंजाब के अवयस्क शासक दिलीप सिंह के सम्बन्ध में प्रावधान का उल्लेख कीजिए ।

भैंरोवाल की सन्धि के अनुसार महाराज दलीपसिंह के वयस्क होने तक पंजाब राज्य का शासन एक परिषद् को सौंपना तय किया गया । अंग्रेज रेजीडेण्ट को परिषद् का अध्यक्ष नियुक्त किया गया और उसे परिषद् के आठों सदस्य मनोनीत करने का अधिकार दिया गया ।

रणजीतसिंह की मुख्य प्रशासनिक इकाइयाँ क्या थी ?

( 1 ) केन्द्रीय शासन राजा एवं मन्त्री , ( 2 ) प्रान्तीय शासन ( राज्य का चार प्रान्तों में विभाजन ) , ( 3 ) परगनों का शासन ( प्रान्त का परगनों में विभाजन ) , ( 4 ) तालुकों का शासन ( परगनों का तालुकों में विभाजन ) , तथा ( 5 ) गाँवों का शासन ।

द्वितीय आंग्ल - मैसूर युद्ध के दो कारण बताइए ।

अंग्रेजों द्वारा ( i ) माही पर अधिकार करना , ( ii ) गुन्टूर पर अधिकार करना ।

श्रीरंगपट्टम की संधि की दो शर्तों का उल्लेख कीजिए ।

( i ) टीपू को अपना आधा राज्य अंग्रेजों को देना पड़ा । ( ii ) टीपू ने युद्ध के हर्जाने के रूप में 30 लाख पौण्ड अंग्रेजों को देना स्वीकार किया ।

श्रीरंगपट्टम की संधि कब और किसके बीच सम्पन्न हुई ?

श्रीरंगपट्टम की संधि 23 मार्च , 1792 ई . को टीपू सुल्तान और अंग्रेजों में हुई ।

सेरिंगपट्टम की संधि कब व किसके मध्य हुई ?

सेरिंगपट्टम की संधि 18 मार्च 1792 को अंग्रेजों की ओर से लार्ड कार्नवालिस , मराठों की ओर से हैदराबाद के निजाम एवं टीपू सुल्तान के मध्य हुई ।

अमृतसर की संधि कब और किसके बीच सम्पन्न हुई ?

अमृतसर की संधि 25 अप्रैल , 1809 ई.को रणजीतसिंह तथा अंग्रेजों के बीच हुई ।

अमृतसर की सन्धि का क्या महत्त्व था ?

अमृतसर की सन्धि अंग्रेजों की एक महान् कूटनीतिक सफलता थी । इस सन्धि के द्वारा अंग्रेजों ने अपनी सीमा का विस्तार सतलज तक कर लिया । अब ब्रिटिश सेना पंजाब की गतिविधियों पर निगाह रख सकती थी ।

सिन्ध के अमीरों और अंग्रेजों के मध्य व्यापारिक सन्धि कब सम्पन्न हुई थी ?

30 अप्रैल , 1832 ई . को सिन्ध के अमीरों और अंग्रेजों के मध्य व्यापारिक सन्धि सन्पन्न हुई थी ।

1832 की व्यापारिक सन्धि की किन्हीं दो शर्तों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) कोई भी अंग्रेज व्यापारी स्थायी रूप से सिन्ध में नहीं बस सकेगा । ( 2 ) अंग्रेज व्यापारियों तथा पर्यटकों को सिन्धु नदी में आने - जाने की अनुमति होगी ।

सिन्ध के शासक क्या कहलाते थे ? सिन्ध का ब्रिटिश साम्राज्य में विलय कब हुआ ?

सिन्ध के शासक अमीर कहलाते थे । अगस्त , 1843 ई.में सिन्ध का ब्रिटिश साम्राज्य में पूरी तरह से विलय कर लिया गया था ।

अंग्रेज सिन्ध पर आधिपत्य करना क्यों चाहते थे ? कोई दो कारण बताइए ।

( 1 ) अंग्रेज उत्तरी - पश्चिमी सीमा पर अपना नियंत्रण स्थापित करना चाहते थे । ( 2 ) अंग्रेज सिन्ध में अपना व्यापारिक एकाधिकार करना चाहते थे ।

अंग्रेजों द्वारा सिन्ध का विलय किस वर्ष किया गया ?

अंग्रेजों द्वारा सिन्ध का विलय अगस्त , 1843 में किया गया ।

लार्ड वेलेजली की सहायक सन्धि के कोई दो प्रमुख उद्देश्य बताइए ।

( 1 ) भारत में ईस्ट इण्डिया कम्पनी को सर्वोच्च सत्ता के रूप में प्रतिस्थापित करना । ( 2 ) भारत में फ्रांसीसियों की शक्ति व प्रभाव को समाप्त करना ।

सहायक सन्धि किसके द्वारा तथा कब स्थापित की गई ?

सहायक सन्धि लार्ड वेलेजली के द्वारा स्थापित की गई । यह सन्धि 1798 ई . में निजाम हैदराबाद के साथ की गई ।

सहायक संधि / सहायक गठजोड़ की नीति की व्याख्या कीजिए ?

सहायक संधि एक प्रकार की मैत्री संधि थी जिसका प्रयोग लार्ड वेलेजली द्वारा भारत के देशी राज्यों से संबंध स्थापित करने के लिए हुआ था । सहायक संधि अंग्रेजों की साम्राज्यवादी नीति पर आधारित थी ।

सहायक सन्धि की किन्हीं दो शर्तों का उल्लेख कीजिए ।

सहायक सन्धि की दो शर्ते थीं— ( 1 ) भारतीय शासक को अपने राज्य में अंग्रेजों की एक सैनिक टुकड़ी रखनी पड़ती थी , जिसका व्यय भार वही शासक उठाता था । ( 2 ) उस शासक को अपने राज्य में एक अंग्रेज रेजीडेन्ट रखना पड़ता था ।

सहायक सन्धि के दो दोष ( कुप्रभाव , हानियाँ ) बताइए ।

सहायक सन्धि के दो दोष थे— ( 1 ) देशी राजा शक्तिहीन व दुर्बल होते चले गए । ( 2 ) देशी राजाओं की आर्थिक स्थिति निरन्तर खराब होती चली गई ।

लार्ड वेलेजली ने मैसूर और अवध रियासतों के साथ कब और किन शासकों से सन्धियाँ की थी ?

1799 ई . में मैसूर के शासक कृष्णराव के साथ तथा 1801 ई . में अवध के नवाब सादत अली के साथ लार्ड वेलेजली ने सहायक सन्धि की थी ।

लार्ड डलहौजी ने भारतीय राज्यों को कौनसी श्रेणियों में वर्गीकृत किया ? इनमें से किन श्रेणियों के राज्यों को गोद लेने का अधिकार नहीं दिया गया था ?

लार्ड डलहौजी ने भारतीय राज्यों को तीन श्रेणियों- ( 1 ) स्वतंत्र राज्य , ( 2 ) आश्रित राज्य , तथा ( 3 ) अधीन राज्य में वर्गीकृत किया था । इनमें से आश्रित राज्यों तथा अधीन राज्यों को गोद लेने के अधिकार से वंचित किया गया था ।

विलय का सिद्धान्त किसके द्वारा लागू किया गया ?

विलय का सिद्धान्त लार्ड डलहौजी द्वारा लागू किया गया ।

व्यपगत का सिद्धान्त से आप क्या समझते हैं ?

डलहौजी ने गोद लेने की प्रथा का निषेध करके अनेक देशी रियासतों को ब्रिटिश साम्राज्य में सम्मिलित कर लिया । इसे व्यपगत का सिद्धान्त या लैप्स का सिद्धान्त कहते हैं ।

लार्ड डलहौजी ने विलय के सिद्धान्त के आधार पर किन चार भारतीय राज्यों को कब ब्रिटिश साम्राज्य में मिलाया था ?

लार्ड डलहौजी ने विलय के सिद्धान्त के आधार पर 1848 में सतारा को , 1852 में उदयपुर को तथा 1854 में झाँसी और नागपुर को ब्रिटिश साम्राज्य में मिलाया था ।

डलहौजी ने किन राज्यों के साथ गोद लेने की प्रथा का अन्त कर ब्रिटिश भारत में विलय किया ?

डलहौजी ने गोद लेने की नीति का निषेध कर सतारा , नागपुर , झाँसी , जैतपुर , सम्भलपुर , बघाट , उदयपुर आदि देशी राज्यों को ब्रिटिश साम्राज्य में मिला लिया ।

लार्ड डलहौजी की ' विलय की नीति ' के कोई दो परिणाम बताइए ।

( 1 ) ब्रिटिश साम्राज्य की सीमाओं का विस्तार हुआ । ( 2 ) भारतीय शासकों तथा जनता में तीव्र असन्तोष बढ़ा , जिससे 1857 की क्रान्ति का सूत्रपात हुआ ।

रेग्यूलेटिंग एक्ट क्या था ?

अंग्रेजी सरकार द्वारा कम्पनी पर सरकारी नियन्त्रण रखने के लिए कम्पनी की संचालक समिति तथा भारत में प्रशासन व्यवस्था में परिवर्तन करने की व्यवस्था जिस विधेयक द्वारा की गई , उसे ' रेग्यूलेटिंग एक्ट ' कहा जाता है ।

रेग्यूलेटिंग एक्ट कब पास किया गया तथा इसे कब लागू किया गया ?

रेग्यूलेटिंग एक्ट 1773 ई.में पास किया गया तथा 1774 ई . में लागू किया गया ।

1773 के रेग्यूलेटिंग एक्ट की कोई दो धाराएँ बताइए । अथवा रेग्यूलेटिंग एक्ट के किन्हीं दो प्रावधानों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) बम्बई व मद्रास प्रान्त के गवर्नर और कम्पनी की शाखाओं को गवर्नर - जनरल के अधीन कर दिया गया । ( 2 ) कम्पनी के कर्मचारियों द्वारा चलाया जाने वाला निजी व्यापार पूरी तरह से वर्जित तथा दण्डनीय अपराध घोषित किया गया ।

रेग्यूलेटिंग एक्ट के द्वारा सर्वोच्च न्यायालय की स्थापना कहाँ की गयी थी ?

रेग्यूलेटिंग एक्ट के द्वारा सर्वोच्च न्यायालय की स्थापना कलकत्ता में की गयी थी ।

रेग्यूलेटिंग एक्ट द्वारा संचालक मण्डल सम्बन्धी दो परिवर्तनों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) कम्पनी के संचालकों का कार्यकाल 4 वर्ष निश्चित किया गया । ( 2 ) प्रति वर्ष एक - चौथाई सदस्यों ( 6 सदस्यों ) के चुने जाने का प्रावधान किया गया ।

रेग्यूलेटिंग एक्ट द्वारा भारतीय प्रशासन में किए गए कोई दो परिवर्तन बताइए ।

( 1 ) मद्रास और बम्बई के गवर्नरों को बंगाल के अधीन कर दिया गया । ( 2 ) बंगाल के गवर्नर को भारत का गवर्नर जनरल बना दिया गया ।

पिट्स इण्डिया एक्ट के कोई दो प्रावधान बताइए ।

( 1 ) कम्पनी के शासन पर नियंत्रण स्थापित करने हेतु 6 सदस्यों की एक समिति बनाई गई , जो ‘ बोर्ड ऑफ कन्ट्रोल ' कहलाती थी । ( 2 ) गवर्नर जनरलं की कौंसिल के सदस्यों की संख्या 3 कर दी गई ।

पिट्स इण्डिया एक्ट के अनुसार गवर्नर जनरल तथा गवर्नरों की नियुक्ति तथा वापसी के अधिकार किसे दिए गए थे ?

( 1 ) संचालकों को गवर्नर जनरल तथा गवर्नरों को नियुक्त करने का अधिकार दिया गया परन्तु इसके लिए सम्राट की पूर्व स्वीकृति आवश्यक थी । ( 2 ) गवर्नर जनरल तथा गवर्नरों को वापस बुलाने का अधिकार ब्रिटिश ताज को दिया गया था ।

पिट्स इण्डिया एक्ट के दो दोष ( कमियाँ ) बताइए ।

पिट्स इण्डिया एक्ट के दो दोष थे— ( 1 ) कम्पनी शासन पर संचालक मण्डल तथा बोर्ड ऑफ कन्ट्रोल का नियंत्रण स्थापित कर दिया गया । ( 2 ) गवर्नर जनरल को अपनी कौंसिल के निर्णय को रद्द करने का अधिकार दिया गया ।

अंग्रेजी शासन के दौरान भारत में किन्हीं दो भूमि बन्दोबस्तों के नाम बताइए ।

( 1 ) स्थायी बन्दोबस्त , ( 2 ) रैयतवाडी बन्दोबस्त ।

कब , कहाँ और किसके द्वारा स्थायी बन्दोबस्त लागू किया गया ?

स्थायी बन्दोबस्त सर्वप्रथम 1793 में लार्ड कार्नवालिस द्वारा बंगाल में लागू किया गया ।

स्थायी बन्दोबस्त के मुख्य दोष बताइए ।

( 1 ) कृषकों के हितों की उपेक्षा की गई । ( 2 ) किसानों की दशा शोचनीय हो गई । ( 3 ) जमींदार वर्ग आलसी हो गया । ( 4 ) राज्य के भावी हितों की उपेक्षा हुई ।

रैयतवाडी व्यवस्था ।

रैयतवाडी व्यवस्था के अन्तर्गत पंजीकृत ( किसान ) को भूमि का स्वामी माना गया तथा वही राज्य सरकार को भूमि कर देने के लिए उत्तरदायी होता था ।

रैयतवाडी बन्दोबस्त किन प्रान्तों में लागू किया गया ?

रैयतवाडी बन्दोबस्त मद्रास तथा बम्बई में लागू किया गया ।

रैयतवाडी बन्दोबस्त के किन्हीं दो गुणों का उल्लेख कीजिए ।

( i ) इस व्यवस्था में सरकार एवं किसानों के बीच सीधा सम्बन्ध था । ( ii ) इस व्यवस्था में कृषि उत्पादन में वृद्धि हुई जिससे राज्य की आय बढ़ी ।

रैयतवाडी बंदोबस्त सर्वप्रथम कब और किसके द्वारा शुरू किया गया था ?

रैयतवाडी बन्दोबस्त 1792 ई . में कर्नल टीड द्वारा मद्रास के बारामहल जिले में लागू किया गया था ।

महाल बन्दोबस्त किन प्रान्तों में लागू किया गया था ?

महालवाड़ी बन्दोबस्त आगरा , अवध , मध्यप्रदेश , पंजाब आदि प्रान्तों में लागू किया गया था ।

मैकाले के बारे में आप क्या जानते हैं ?

मैकाले ब्रिटेन का राजनीतिज्ञ , कवि एवं इतिहासकार था । सन् 1834 से 1838 तक वह भारत की सुप्रीम काउंसिल में लॉ मेंबर तथा लॉ कमीशन का प्रधान रहा ।

भारत में प्रथम रेलवे लाइन कब प्रारम्भ हुई थी ?

भारत में प्रथम रेलवे लाइन 16 अप्रेल , 1853 को मुम्बई से थाणे तक के लिए प्रारम्भ हुई थी ।

1857 की क्रान्ति के दो प्रमुख कारण बताइए ।

( 1 ) अंग्रेजों द्वारा अवध को ब्रिटिश साम्राज्य में सम्मिलित करना । ( 2 ) अंग्रेजों की साम्राज्यवादी व हड़प नीति ।

1857 के विद्रोह का सूत्रपात ( आगाज ) कहाँ और कब हुआ ?

1857 के विद्रोह का सूत्रपात 10 मई , 1857 ई.को मेरठ में हुआ ।

1857 के विद्रोह के किन्हीं दो राजनीतिक कारणों का उल्लेख कीजिए ।

( i ) मुगल सम्राट के प्रति अपमानजनक व्यवहार , ( ii ) गोद - निषेध प्रथा द्वारा भारतीय राज्यों का अधिग्रहण ।

1857 के विद्रोह को सैनिक विद्रोह बताने वाले दो विद्वानों के नाम लिखिए ।

1857 के विद्रोह को सैनिक विद्रोह बताने वाले दो विद्वान् सर जॉन सीले तथा सर जॉन लारेन्स थे ।

1857 के विद्रोह में भाग लेने वाली कोई चार भारतीय महिलाओं के नाम लिखिए ।

( 1 ) रानी लक्ष्मीबाई , ( 2 ) बेगम हजरत महल , ( 3 ) बेगम जीनतमहल , ( 4 ) महारानी बैजाबाई सिंधिया ।

1857 ई . की क्रांति के कोई दो परिणाम बताइए ।

( i ) कम्पनी शासन का अन्त , और ( ii ) सैनिक नीति में परिवर्तन ।

1857 के विद्रोह के स्वरूप के सम्बन्ध में प्रचलित 4 प्रमुख मतों का उल्लेख कीजिए ।

( i ) सैनिक विद्रोह , ( ii ) मुसलमानों का विद्रोह , ( iii ) असंतुष्ट भारतीय शासकों का विद्रोह , तथा ( iv ) प्रथम स्वतंत्रता संग्राम ।

1857 के विद्रोह से भारतीयों को क्या लाभ हुए ?

1857 के विद्रोह के बाद भारत में संवैधानिक सुधारों की प्रक्रिया प्रारम्भ हुई तथा भारतीयों में राष्ट्रीय भावना का विकास हुआ ।

' भारत का स्वतन्त्रता संग्राम ' नामक पुस्तक किसने लिखी ?

' भारत का स्वतन्त्रता संग्राम ' नामक पुस्तक विनायक दामोदर सावरकर ने लिखी । इस पुस्तक को प्रकाशन से पूर्व ही प्रतिबन्धित होने का गौरव प्राप्त है ।

' फर्स्ट वार ऑफ इंडियन इंडिपेडेंस ' नामक पुस्तक किसने लिखी ?

' फर्स्ट वार ऑफ इंडियन इंडिपेडेंस ' पुस्तक विनायक दामोदर सावरकर ने लिखी ।

सुरक्षित घेरे की नीति से क्या आशय है ?

सुरक्षित घेरे की नीति से अभिप्राय कम्पनी की अहस्तक्षेप तथा सीमित उत्तरदायित्व की नीति से है ।

किस गवर्नर जनरल ने सुरक्षित घेरे की नीति का परित्याग कर अधीनस्थ अलगाव की नीति का अनुसरण किया ?

लार्ड हेस्टिंग्ज ने सुरक्षित घेरे की नीति का परित्याग कर अधीनस्थ अलगाव की नीति का अनुसरण किया ।

लार्ड हैस्टिंग्ज की अधीनस्थ अलगाव की नीति क्या थी ?

लार्ड हैस्टिंग्ज़ की सन्धिकर्ता देशी राज्यों के साथ यह नीति थी कि सन्धि करने वाला देशी राज्य ब्रिटिश सर्वोच्चता को स्वीकार करे तथा वह गवर्नर जनरल की अनुमति के बिना अन्य राज्यों के साथ कोई सम्बन्ध स्थापित न करे । इस प्रकार उसकी नीति राज्यों को अधीन करके उसे अन्य राज्यों से पृथक् करने की थी ।

ली वार्नर ने अधीनस्थ एकीकरण की नीति किसे कहा है ?

इस नीति के अन्तर्गत यह माना गया है कि भारतीय राज्यों को पृथक् न रखा जाए अपितु उन्हें भारतीय प्रशासन में श्रेष्ठ स्थान दिया जाए । भारतीय नरेशों को सन्तुष्ट करके उन्हें ब्रिटिश साम्राज्य का आधार - स्तम्भ बनाया जाए ।

बटलर समिति की कोई दो सिफारिशें लिखिए ।

( 1 ) रियासतों के साथ व्यवहार करते समय वायसराय ब्रिटिश क्राउन का प्रतिनिधि बने , न कि सपरिषद गवर्नर जनरल । ( 2 ) क्राउन तथा देशी नरेशों के सम्बन्धों में बिना नरेशों की राय के परिवर्तन न किया जाए ।

धन निष्कासन से क्या तात्पर्य है ?

धन निष्कासन से तात्पर्य उस धन से है जो भारत से इंग्लैण्ड भेजा जाता था तथा इसके बदले में भारत को कुछ भी प्राप्त नहीं होता था ।

धन निष्कासन के सिद्धान्त का प्रतिपादन किसने किया ?

धन निष्कासन के सिद्धान्त का प्रतिपादन 1867 में दादाभाई नौरोजी ने किया । इस सिद्धान्त को उन्होंने ' पावर्टी एण्ड अनब्रिटिशरूल इन इण्डिया ' पुस्तक में बताया ।

भारत में कुटीर उद्योग - धन्धों के पतन के किन्हीं दो कारणों का उल्लेख कीजिए ।

( i ) कच्चे माल का अभाव , तथा ( ii ) अंग्रेजों की दोषपूर्ण औद्योगिक नीति ।

कृषि के वाणिज्यीकरण / व्यवसायीकरण से क्या तात्पर्य है ? अथवा कृषि के व्यवसायीकरण से क्या आशय है ?

जब ब्रिटिश शासन के दौरान कुछ विशेष फसलों ( गन्ना , सरसों , मूंगफली इत्यादि ) का उत्पादन ब्रिटिश मण्डियों के लिए किया जाने लगा , तब उसे कृषि का वाणिज्यीकरण कहा गया ।

ब्रिटिश शासन के दौरान कृषि के व्यवसायीकरण के अन्तर्गत उत्पादित होने वाली चार फसलें बताइए ।

ब्रिटिश शासन के दौरान कृषि के व्यवसायीकरण के अन्तर्गत उत्पादित होने वाली चार प्रमुख फसलें थीं- ( 1 ) कपास , ( 2 ) चाय , ( 3 ) पोस्त ( अफीम ) तथा ( 4 ) नील ।

कृषि के व्यवसायीकरण से ब्रिटिश सरकार को होने वाले कोई दो लाभ बताइए ।

ब्रिटिश सरकार को होने वाले दो लाभ थे— ( 1 ) बढ़ी हुई दरों से नकदी रूप में लगान वसूल करना , ( 2 ) भारतीय कृषकों से उन फसलों का उत्पादन करवाना , जिनकी ब्रिटिश उद्योगों को कच्चे माल के रूप में आवश्यकता थी ।

कृषि के व्यवसायीकरण से भारतीय कृषकों को होने वाली दो हानियाँ बताइए ।

भारतीय कृषकों को होने वाली दो हानियाँ थीं— ( 1 ) उत्पादित फसलों से प्राप्त आय का अधिकांश भाग लगान चुकाने में चला जाता था । ( 2 ) विदेशी बागानों में काम करने वाले भारतीय श्रमिकों का काफी शोषण किया जाता था ।

तीनकठिया पद्धति क्या थी ?

तीनकठिया खेती अंग्रेज मालिकों द्वारा बिहार के चंपारण जिले के रैयतों ( किसानों ) पर नील की खेती के लिए जबरन लागू तीन तरीकों में से एक था ।

भारत से धन निष्कासन किस प्रकार होता था ?

भारत से धन निष्कासन दो प्रकार से होता था— ( 1 ) मुद्रा के रूप में , तथा ( 2 ) पदार्थ के रूप में ।

धन निष्कासन के लिए अपनाए जाने वाले कोई चार साधन बताइए ।

धन निष्कासन के लिए अपनाए गए चार साधन थे— ( 1 ) व्यापार पर नियंत्रण करके धन - निष्कासन , ( 2 ) अंग्रेज अधिकारियों की पेंशनें , भत्ते की राशि सुरक्षा सेवाओं के रूप में , ( 3 ) सार्वजनिक ऋण के रूप में , ( 4 ) रेलों के विकास के द्वारा ।

' भारतीय पुनर्जागरण ' से आप क्या समझते हैं ?

भारतीय पुनर्जागरण से आशय उस आन्दोलन से है जिसके परिणामस्वरूप 19 वीं शताब्दी में भारत में सामाजिक , आर्थिक , शैक्षिक और राजनीतिक क्षेत्र में उन्नति अथवा प्रगति हुई ।

ब्रह्म समाज और आर्य समाज के सिद्धान्तों की किन्हीं दो विभिन्नताओं को बताइए ।

( 1 ) ब्रह्म समाज पाश्चात्य शिक्षा का पक्षपाती था जबकि आर्य समाज प्राचीन गुरुकुल शिक्षा का पक्षपाती था । ( 2 ) ब्रह्म समाज ने शुद्धि आन्दोलन जैसी बातों को आधार नहीं बनाया जबकि आर्य समाज ने शुद्धि आन्दोलन पर जोर दिया ।

रामकृष्ण मिशन का संस्थापक कौन था और इसकी स्थापना कब हुई थी ?

स्वामी विवेकानन्द ने रामकृष्ण मिशन की स्थापना 5 मई , 1897 को की थी ।

किसने कहा भारत भारतीयों के लिये ?

भारत भारतीयों के लिये है यह नारा दयानन्द सरस्वती ने दिया ।

आर्य समाज का संस्थापक कौन था और इसकी स्थापना कब हुई ?

स्वामी दयानन्द सरस्वती द्वारा आर्य समाज की स्थापना 1875 में बम्बई में हुई ।

आर्य समाज के कोई दो धार्मिक सिद्धान्त बताइए ।

( 1 ) आर्य समाज में एकेश्वरवाद को मान्यता दी गई । ( 2 ) आर्य समाज के अनुसार सब ज्ञान का स्रोत वेद हैं

अलीगढ़ आन्दोलन ।

अलीगढ़ आन्दोलन का उद्देश्य मुसलमानों में नवजागरण कर उनका सामाजिक , आर्थिक एवं शैक्षणिल विकास करना था । इसके नेता सैयद अहमद खाँ थे ।

आर्य समाज द्वारा किए गए सामाजिक सुधारों को लिखिए ।

( 1 ) आर्य समाज ने बाल - विवाह , बहु - विवाह , पर्दा - प्रथा , सती - प्रथा , दहेज - प्रथा आदि का घोर विरोध किया और विधवा विवाह तथा स्त्री शिक्षा का समर्थन किया । ( 2 ) आर्य समाज ने जाति प्रथा , ऊँच - नीच के भेदभाव तथा छुआछूत का घोर विरोध किया तथा सामाजिक समानता पर बल दिया ।

युवा बंगाल आन्दोलन क्या था ?

देरीजियो के सम्पर्क ने बंगाल में एक नया जागरूक वर्ग पैदा किया , जिसे ' युवा बंगाल ' कहा जाता था । युवा बंगाल के सदस्य अन्धविश्वासों तथा भारतीय सामाजिक कुरीतियों के कटु आलोचक थे और सुधारों के प्रबल पक्षपाती थे ।

शिक्षा का अधोमुखी निस्पंदन सिद्धान्त क्या था ?

शिक्षा समाज के उच्च वर्ग को ही दी जाए , इस वर्ग के शिक्षित होने पर शिक्षा का प्रभाव छन - छन कर जनसाधारण तक पहुंचेगा ।

राजा बनाने वाले के नाम से कौन जाने जाते हैं ?

सैयद बन्धु ( हुसैन अली और उसका भाई अब्दुल्ला ) भारतीय इतिहास में किंग मेकर ( राजा बनाने वाले ) के नाम से जाने जाते हैं ।

कूका आंदोलन पर टिप्पणी लिखिए ।

1849 ई . में पंजाब पर अपने प्रभुत्व के बाद अंग्रजों की शोषण नीति से त्रस्त हो , गुरू रामसिंह ने अंग्रजों के विरूद्ध ' कूक ' उठाने को प्रेरित किया । ' कूक ' का मतलब आवाज से होता है । इनके आन्दोलन को ' कूका आन्दोलन ' कहा गया ।

राजा राममोहन राय ने किन समाचार - पत्रों का प्रकाशन किया ? अथवा राजा राममोहन राय द्वारा प्रारम्भ किए गए समाचार - पत्रों के नाम बताइए ।

राजा राममोहन राय ने ' संवाद कौमुदी ' तथा ' मिरात - उल ' नामक समाचार - पत्रों का प्रकाशन किया ।

प्रार्थना समाज की स्थापना कब और किसके द्वारा की गयी थी ?

प्रार्थना समाज की स्थापना आत्माराम पाण्डुरंग के द्वारा 1867 ई . में की गयी थी ।

स्वामी दयानन्द सरस्वती द्वारा रचित ग्रन्थों के नाम लिखिए ।

स्वामी दयानन्द सरस्वती ने ऋग्वेदादि भाष्य भूमिका , वेद भाष्य तथा सत्यार्थ प्रकाश नामक ग्रन्थों की रचना की ।

' वेदों की तरफ लौटो ' का नारा किस धर्म सुधारक ने दिया था ?

' वेदों की तरफ लौटो ' का नारा स्वामी दयानन्द सरस्वती ने दिया था ।

शिकागो सर्वधर्म सम्मेलन में कब व किस धर्म सुधारक ने भाग लिया था ?

शिकागो सर्वधर्म सम्मेलन में 1893 ई.में स्वामी विवेकानन्द ने भाग लिया था ।

वेदान्त का प्रचार करने के लिए स्वामी विवेकानन्द ने वेदान्त सोसायटी की स्थापना किन स्थानों पर की थी ?

वेदान्त का प्रचार करने के लिए स्वामी विवेकानन्द ने 1896 ई . में न्यूयार्क में तथा 1899 ई . में लासएंजिल्स , सेनफ्रांसिस्को , केलिफोर्निया आदि स्थानों पर वेदान्त सोसायटी की स्थापना की थी ।

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना से पहले स्थापित दो राजनीतिक संस्थाओं का उल्लेख कीजिए ।

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना से पहले 1876 ई . में ' इण्डियन एसोसिएशन ' तथा 1883 ई.में ' इण्डियन नेशनल कान्फ्रेंस ' की स्थापना हुई ।

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस / इण्डियन नेशनल कांग्रेस की स्थापना कब और किसके द्वारा की गयी थी ? इसका प्रथम अधिवेशन कब और कहाँ हुआ ?

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना 28 दिसम्बर , 1885 ई.को एक अंग्रेज ए.ओ. ह्यूम द्वारा की गयी थी । इसका प्रथम अधिवेशन 28 दिसम्बर , 1885 को बम्बई में हुआ ।

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का पहला सभापति कौन था ? इसमें कितने लोगों ने भाग लिया ?

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के पहले सभापति व्योमेशचन्द्र बनर्जी थे । इसमें 72 प्रतिनिधियों ने भाग लिया ।

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का द्वितीय अधिवेशन कब और कहाँ हुआ ?

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का द्वितीय अधिवेशन कलकत्ता में 1886 ई . में हुआ । इसमें दादाभाई नौरोजी अध्यक्ष बनाए गए ।

वर्नाक्यूलर प्रेस एक्ट के बारे में आप क्या जानते हैं ?

1878 ई . में लार्ड लिटन द्वारा वर्नाक्यूलर एक्ट पारित किया गया जिसमें भारतीय भाषाओं में प्रकाशित समाचार - पत्रों पर कठोर प्रतिबन्ध लगाए गए ।

विलियम बैंटिक के दो सुधार लिखिए ।

( 1 ) 1829 में सती प्रथा को अवैध घोषित करना । ( 2 ) 1832 में दास प्रथा को समाप्त करना ।

भारत में स्थानीय स्वशासन के जनक कौन थे ?

लार्ड रिपन को स्थानीय स्वशासन का जनक कहा जाता है । स्थानीय स्वशासन 1882 में लागू हुआ ।

लार्ड कर्जन के चार सुधारों के नाम बताइए ।

( 1 ) रेल मार्ग में सुधार , ( 2 ) शिक्षा सम्बन्धी सुधार , ( 3 ) पुलिस विभाग एवं व्यवस्था में सुधार , तथा ( 4 ) सैनिक सुधार ।

भारत में राष्ट्रीय आन्दोलन ( राजनीतिक चेतना ) के चार कारण बताइए ।

( 1 ) प्रजातीय विभेद की नीति , ( 2 ) पाश्चात्य शिक्षा का प्रभाव , ( 3 ) आर्थिक शोषण की नीति , ( 4 ) राजनीतिक संस्थाओं का योगदान ।

' भारतीय सुधार समिति ' की स्थापना कब और किसने तथा क्यों की थी ?

' भारतीय सुधार समिति ' की स्थापना 1887 में लन्दन में दादाभाई नौरोजी ने की थी । इसके उद्देश्य के बारे में उन्होंने कहा था - "" . . . . . क्योंकि शासन का प्रमुख स्रोत इंग्लैण्ड में है , इसलिए इंग्लैण्ड में कांग्रेस द्वारा किए गए कोई भी वैधानिक प्रयत्न अधिक प्रभावशाली तथा लाभदायक होंगे । ""

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना किस गवर्नर जनरल के शासनकाल में हुई थी ?

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना गवर्नर जनरल लार्ड डफरिन के शासनकाल में हुई थी ।

' भारत सेवक संघ ' ( सर्वेन्ट्स ऑफ इण्डिया सोसाइटी ) की स्थापना कब , किसने और क्यों की थी ?

' भारत सेवक संघ ' की स्थापना 1905 में गोपालकृष्ण गोखले ने की थी । इसके उद्देश्य थे— ( 1 ) ब्रिटिश साम्राज्य के अन्तर्गत स्वशासन की प्राप्ति , ( 2 ) भारत और ब्रिटिश सम्बन्धों की अनिवार्यता , ( 3 ) भारत में ब्रिटिश शासन को ईश्वरीय वरदान मानने की स्वीकारोक्ति ।

तिलक द्वारा प्रारम्भ किये गये समाचार - पत्रों के नाम बताइए ।

( 1 ) मराठा ( अंग्रेजी में ) , तथा ( 2 ) केसरी ( मराठी में ) ।

लाला लाजपतराय की दो अंग्रेजी पुस्तकों के नाम लिखिए ।

( 1 ) इंग्लैण्ड्स डेब्ट टू इण्डिया , ( 2 ) यंग इण्डिया ।

कांग्रेस का विभाजन कब व कौनसे अधिवेशन में हुआ ?

कांग्रेस का विभाजन 1907 ई.में सूरत अधिवेशन में हुआ ।

1907 का सूरत विभाजन क्यों हुआ ?

कांग्रेस के 1907 के सूरत विभाजन का मुख्य कारण उदारवादियों एवं उग्रवादियों में तीव्र मतभेद था । उदारवादी ब्रिटिश सरकार के साथ समझौते और सहयोग का रास्ता अपनाना चाहते थे जबकि उग्रवादी संघर्ष का रास्ता अपनाना चाह रहे थे ।

लाल - बाल - पाल कौन थे ?

पंजाब के लाला लाजपतराय , महाराष्ट्र के बाल गंगाधर तिलक और बंगाल के विपिनचन्द्र पाल गर्म दल के नेता थे जो लाल - बाल - पाल के नाम से विख्यात हैं ।

उग्रवादी कौन थे ?

उग्रवादी ब्रिटिश शासन के प्रबल विरोधी तथा पूर्ण स्वराज्य के समर्थक थे । लाल , बाल तथा पाल प्रमुख उग्रवादी नेता थे ।

उदारवादी दल के दो नेताओं के नाम लिखिए ।

रासबिहारी घोष , गोपालकृष्ण गोखले , सुरेन्द्रनाथ बनर्जी ।

उदारवादी दल की नीति को संक्षेप में स्पष्ट कीजिए ।

उदारवादी ब्रिटिश शासन के प्रति राजभक्ति रखते थे । वे अंग्रेजों की न्यायपालिका में पूर्ण विश्वास रखते थे । उदारवादी क्रमिक सुधार की अवधारणा में विश्वास करते थे तथा ब्रिटेन के साथ सम्बन्धों को भारत के हित में समझते थे ।

रौलेट एक्ट क्या था ? यह कब पास किया गया था ?

रौलेट एक्ट मार्च , 1919 में पास किया गया था । इसके अनुसार सरकार किसी भी व्यक्ति को बिना कारण बताये बन्दी बना सकती थी । इसके विरुद्ध अपील , दलील व वकील करने का अधिकार नहीं था ।

उग्रवादी आन्दोलन के उदय के चार कारण बताइए ।

( 1 ) भारत का तीव्र आर्थिक शोषण , ( 2 ) अकाल , प्लेग इत्यादि के समय सरकार की अकर्मण्यता , ( 3 ) आंग्ल - भारतीयों का अहंकारयुक्त व्यवहार , ( 4 ) लार्ड कर्जन का दमनकारी शासन ।

बंगाल का विभाजन कब और किसने किया था ? बंगाल का एकीकरण कब हुआ था ?

बंगाल का विभाजन सन् 1905 में लार्ड कर्जन के द्वारा किया गया था । सन् 1911 में दोनों बंगालों का एकीकरण हुआ ।

बंगाल विभाजन कब रद्द किया गया ?

बंगाल विभाजन 1911 में रद्द किया गया ।

उदारवादियों और उग्रवादियों में दो अन्तर बताइए ।

(i)उदारवादी पाश्चात्य सभ्यता व संस्कृति के पोषक थे जबकि उग्रवादी प्राचीन भारतीय सभ्यता व संस्कृति के समर्थक थे । ( ii ) उदारवादी औपनिवेशिक स्वराज्य की मांग कर रहे थे जबकि उग्रवादी पूर्ण स्वराज्य की मांग कर रहे थे ।

निम्न पुस्तकों के लेखकों के नाम लिखिए - ( i ) भारत की खोज , ( ii ) सत्यार्थ प्रकाश , ( iii ) पावर्टी एण्ड अनब्रिटिश रूल इन इण्डिया , ( iv ) यंग इंडिया , ( v ) गीता रहस्य ।

( i) भारत की खोज — पं.जवाहरलाल नेहरू , ( ii ) सत्यार्थ प्रकाश - स्वामी दयानन्द सरस्वती , ( iii ) पावर्टी एण्ड अनब्रिटिश रूल इन इण्डिया - दादाभाई नौरोजी , ( iv ) यंग इण्डिया लाला लाजपत राय , ( v ) गीता रहस्य बाल गंगाधर तिलक ।

भारत से प्रकाशित प्रमुख उर्दू समाचार - पत्रों के नाम बताइए ।

दी अखबार - ए - आम , इन्कलाब ।

होमरूल ( गृहशासन ) आन्दोलन कब , किसने और क्यों आरम्भ किया था ?

होमरूल आन्दोलन 1916 ई . में श्रीमती एनीबीसेन्ट द्वारा आरम्भ किया गया था । इसका उद्देश्य स्वशासन की प्राप्ति करना था ।

होमरूल ( गृहशासन ) आन्दोलन के दो नेताओं के नाम लिखिए ।

होमरूल आन्दोलन के दो नेता बाल गंगाधर तिलक और श्रीमती एनीबीसेण्ट थे ।

होमरूल ( गृह शासन ) आन्दोलन क्या था ?

गृह शासन ( होम रूल ) आन्दोलन का उद्देश्य अंग्रेजों द्वारा भारतीयों को गृहशासन का अधिकार प्रदान करने से था जिसमें भारत में ग्रामीण परिषद् से लेकर राष्ट्रीय संसद तक पूर्ण स्वशासन की स्थापना करना था ।

होमरूल आन्दोलन के किन्हीं दो उद्देश्यों का उल्लेख कीजिए ।

होमरूल आन्दोलन के दो उद्देश्य थे— ( 1 ) भारत के लिए स्वशासन प्राप्त करना , तथा ( 2 ) भारतीय राजनीति को उग्रवाद की दिशा में जाने से रोकना ।

श्रीमती एनीबीसेन्ट द्वारा होमरूल आन्दोलन के प्रचार - प्रसार के लिए कौनसे समाचार - पत्रों का प्रकाशन किया गया था ?

श्रीमती एनीबीसेन्ट ने होमरूल आन्दोलन के प्रचार - प्रसार के लिए ( 1 ) न्यू इण्डिया , और ( 2 ) कॉमन विल नामक समाचार - पत्रों का प्रकाशन किया था ।

लोकमान्य तिलक द्वारा होमरूल आन्दोलन के प्रचार - प्रसार के लिए कौनसे समाचार - पत्रों का प्रकाशन किया गया था ?

लोकमान्य तिलक द्वारा होमरूल आन्दोलन के प्रचार - प्रसार के लिए ( 1 ) मराठा , और ( 2 ) केसरी नामक समाचार - पत्रों का प्रकाशन किया गया था ।

उन दो देशों के नाम बताइए जहाँ होमरूल लीग की स्थापना हुई थी ।

( 1 ) अमेरिका , और ( 2 ) ब्रिटेन में होमरूल लीग की स्थापना की गई थी ।

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की पहली महिला अध्यक्ष कौन थी ?

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की पहली महिला अध्यक्ष ऐनीबीसेन्ट थी । वे 1917 में कांग्रेस के कलकत्ता अधिवेशन की अध्यक्षा चुनी गईं ।

स्वदेशी आन्दोलन के कोई दो प्रभाव बताइए ।

( 1 ) स्वदेशी आन्दोलन ने राष्ट्रीय आन्दोलन को गति प्रदान की । ( 2 ) स्वदेशी आन्दोलन ने स्वदेशी ( भारतीय ) उद्योग - धन्धों का विकास किया ।

स्वदेशी आन्दोलन के किन्हीं चार कार्यक्रमों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) प्रशासन तथा न्याय व्यवस्था में सुधार , ( 2 ) स्वदेशी शिक्षण संस्थाओं की स्थापना , ( 3 ) स्वदेशी वस्तुओं का प्रचार - प्रसार , तथा ( 4 ) विदेशी वस्तुओं का बहिष्कार ।

स्वदेशी आन्दोलन के मुख्य कारण क्या थे ?

( 1 ) आर्थिक राष्ट्रवाद की भावना का प्रसार । ( 2 ) ब्रिटिश सरकार द्वारा भारत का आर्थिक शोषण तथा बंगाल का विभाजन ।

स्वदेशी और बहिष्कार ।

बंगाल विभाजन के विरोध में सम्पूर्ण भारत में स्वदेशी और बहिष्कार आन्दोलन प्रारम्भ हुआ । इसमें स्वदेशी वस्तुओं का प्रयोग करने एवं विदेशी वस्तुओं के बहिष्कार पर जोर दिया गया ।

' पाकिस्तान ' शब्द का सर्वप्रथम प्रयोग कब , किसने और क्यों किया ?

कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय के छात्र नेता रहमत अली ने सर्वप्रथम 1933 में मुस्लिम बहुसंख्या वाले प्रान्तों को मिलाकर पाकिस्तान निर्माण के लिए एक योजना बनाई ।

मुस्लिम लीग की स्थापना कब और कहाँ हुई ?

मुस्लिम लीग की स्थापना 30 दिसम्बर , 1906 ई.को ढाका में हुई थी ।

मुस्लिम लीग की स्थापना किसने की ?

30 दिसम्बर 1906 ई . को आगा खाँ और ढ़ाका के नवाब सलीमुल्लाह मोहसिन उल मुल्क के नेतृत्व में ढाका में मुस्लिम लीग की स्थापना हुई ।

मुस्लिम लीग के दो उद्देश्य लिखिए ।

मुस्लिम लीग की स्थापना के उद्देश्य थे— ( 1 ) मुसलमानों में अंग्रेजों के प्रति निष्ठा पैदा करना । ( 2 ) मुस्लिम समाज में व्याप्त विभिन्न कुरीतियों को दूर करना ।

द्विराष्ट्र सिद्धान्त का प्रतिपादन किसने किया था ?

द्विराष्ट्र सिद्धान्त का प्रतिपादन मुहम्मद अली जिन्ना ने किया था ।

सीधी कार्यवाही दिवस क्या था ?

मुस्लिम लीग ने 16 अगस्त , 1946 ई . को पाकिस्तान की मांग को पूरा करने के लिए सीधी कार्यवाही दिवस के रूप में मनाया ।

मुस्लिम लीग द्वारा सीधी कार्यवाही कब और कहाँ शुरू की गई थी ?

मुस्लिम लीग द्वारा सीधी कार्यवाही 16 अगस्त , 1946 ई . को बंगाल में प्रारम्भ की

मुस्लिम लीग के जन्म अथवा मुस्लिम अलगाववाद के विकास के दो कारण बताइए ।

( 1 ) अंग्रेजों द्वारा मुसलमानों में साम्प्रदायिकता का प्रसार । ( ii ) ब्रिटिश सरकार की ' फूट डालो और शासन करो ' की नीति ।

गाँधी पुनः भारत कब लौटे ?

महात्मा गाँधी सन् 1915 में दक्षिण अफ्रीका से भारत लौटे ।

' दाण्डी यात्रा ' के बारे में आप क्या जानते हैं ?

12 मार्च , 1930 को गाँधीजी ने साबरमती आश्रम से डाण्डी नामक स्थान की ओर प्रस्थान किया । 6 अप्रैल , 1930 को उन्होंने इस जगह नमक बनाकर कानून को तोड़ा और सविनय अवज्ञा आन्दोलन शुरू किया ।

गाँधी - इरविन समझौता / पैक्ट क्या था ?

5 मार्च , 1931 को गाँधी - इरविन समझौता हुआ जिसमें कुछ आश्वासनों के बदले में । गाँधीजी सविनय अवज्ञा आन्दोलन बंद कर देने , दूसरे गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने और बहिष्कार की नीति को त्यागने पर सहमत हो गए ।

गाँधी - इरविन समझौते की कोई चार शर्तों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) सरकार सभी राजनीतिक बंदियों को रिहा कर देगी । ( 2 ) जिन लोगों की सम्पत्ति आन्दोलन के दौरान जब्त की गई थी , उसे वापस कर दिया जाएगा । ( 3 ) भारतीयों को नमक बनाने की छूट दी जाएगी । ( 4 ) सरकार दमन बन्द कर आन्दोलन के दौरान जारी किए गए सभी अध्यादेशों तथा उनसे सम्बन्धित मुकदमों को वापस ले लेगी ।

गाँधीजी के नेतृत्व में राष्ट्रीय आन्दोलन के स्वरूप में क्या परिवर्तन आया ?

राष्ट्रीय आन्दोलन ने जन - आन्दोलन का रूप धारण कर लिया । इस जन - आन्दोलन में सभी वर्गों के लोग शामिल थे ।

गाँधीजी द्वारा सविनय अवज्ञा आन्दोलन क्यों शुरू किया गया ?

ब्रिटिश सरकार द्वारा नेहरू रिपोर्ट एवं गाँधीजी की ग्यारह माँगें अस्वीकार करने पर सविनय अवज्ञा आन्दोलन शुरू किया गया ।

गाँधीजी द्वारा प्रकाशित दो समाचार पत्रों के नाम लिखिए ।

( 1 ) इंडियन ओपीनियन ( 2 ) हरिजन ।

मोतीलाल नेहरू रिपोर्ट क्या थी ?

भारतीय संविधान का प्रारूप तैयार करने के लिए 28 फरवरी , 1928 को मोतीलाल नेहरू की अध्यक्षता में एक उपसमिति गठित की गई , जिसके सदस्यों में अली इमाम , तेज बहादुर सप्रू तथा सुभाष चन्द्र बोस थे । उपसमिति ने अगस्त 1928 में अपनी रिपोर्ट पेश की , जिसे नेहरू रिपोर्ट कहा जाता है ।

गोलमेज सम्मेलन क्यों हुआ ?

सविनय अवज्ञा आन्दोलन की तेजी को देखते हुए लार्ड इरविन ने इंग्लैण्ड की सरकार पर दबाव डाला कि भारत के विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों का एक सम्मेलन बुलाया जाए , जो भारत की संवैधानिक समस्याओं पर विचार - विमर्श करे । अत : 12 नवम्बर , 1930 को लन्दन में प्रथम गोलमेज सम्मेलन का आयोजन हुआ ।

साइमन कमीशन भारत में क्यों और कब आया ?

1919 ई . के भारत शासन अधिनियम को लागू करते समय यह प्रावधान रखा गया था कि इस अधिनियम के तहत लागू व्यवस्था की हर दस वर्ष के बाद जाँच की जाएँ अतः साइमन कमीशन 1927 में गठित हुआ और 3 फरवरी 1928 को भारत के मुम्बई में पहुँचा ।

साइमन कमीशन के बहिष्कार के मुख्य कारण क्या थे ?

( 1 ) साइमन कमीशन का उद्देश्य उत्तरदायी स्वशासन के लिए भारतीयों की योग्यता की जाँच करना था । यह सात सदस्यीय कमीशन था जिसमें सातों सदस्य अंग्रेज थे तथा इनमें एक भी भारतीय नहीं था । ( 2 ) इस कमीशन के माध्यम से ब्रिटिश सरकार भारतीयों के आत्मसम्मान को जान - बूझकर चोट पहुँचाना चाहती थी ।

स्वराज दल की स्थापना कब और किसके द्वारा की गई ?

स्वराज दल की स्थापना 1923 ई . में चितरंजनदास देशबन्धु तथा पण्डित मोतीलाल नेहरू द्वारा की गई थी ।

' जलियाँवाला बाग ' की घटना क्या थी ?

13 अप्रैल , 1919 को रोलेट एक्ट व अंग्रेजों की दमनकारी नीति के विरोध में अमृतसर के जलियाँवाला बाग में आयोजित एक सार्वजनिक सभा पर जनरल डायर ने बिना चेतावनी दिए गोलियां चलाईं । इस कारवाई में सैकड़ों लोग मारे गए तथा हजारों घायल हो गए । इसे जलियाँवाला बाग हत्याकाण्ड घटना कहते हैं ।

महात्मा गाँधी ने असहयोग आन्दोलन वापस लेने का निर्णय क्यों लिया ?

5 फरवरी , 1922 की चौरी - चौरा काण्ड की हिंसात्मक घटना के कारण गाँधीजी का बड़ा आघात पहुँचा और उन्होंने 12 फरवरी , 1922 को असहयोग आन्दोलन की समाप्त करने की घोषणा कर दी ।

साम्प्रदायिक पंचाट ( कम्यूनल अवार्ड ) क्या था ?

16 अगस्त , 1932 को सर मैकडोनाल्ड ने साम्प्रदायिक पंचाट घोषित किया । इसके अनुसार— ( 1 ) जाति के आधार पर विधानमण्डल के सदस्यों की संख्या का बंटवारा किया गया । ( 2 ) स्त्रियों के लिए पृथक् स्थान आरक्षित किए गए । ( 3 ) हरिजन एवं दलितों को हिन्दुओं से पृथक् मान लिया गया ।

भारत छोड़ो प्रस्ताव कब और कहाँ पास किया गया था ?

भारत छोड़ो प्रस्ताव 8 अगस्त , 1942 को बम्बई में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अधिवेशन में पास किया गया था ।

1942 के भारत छोड़ो आन्दोलन की असफलता के दो कारण लिखिए ।

( i ) ब्रिटिश सरकार की दमनपूर्ण नीति , तथा ( ii ) कुशल नेतृत्व का अभाव ।

क्रिप्स मिशन भारत में कब और क्यों आया ?

क्रिप्स मिशन मार्च , 1942 में भारत आया । इसका उद्देश्य द्वितीय विश्वयुद्ध के समय ब्रिटिश सरकार के लिए भारत का पूर्ण सहयोग प्राप्त करना था ।

' दिवालिया बैंक पर आगे की तारीख वाला चैक ' किसके लिए कहा जाता है ?

क्रिप्स मिशन 1942 में भारत आया । उसने प्रस्तावित किया कि विश्वयुद्ध के बाद भारत को डोमिनियन दर्जा दिया जाएगा । लेकिन कांग्रेस द्वारा क्रिप्स प्रस्तावों को खारिज कर दिया गया । महात्मा गाँधी ने क्रिप्स प्रस्तावों को दिवालिया बैंक पर आगे की तारीख वाला चैक ' बताया ।

क्रान्तिकारी आन्दोलन के किन्हीं दो प्रमुख उद्देश्यों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) हिंसात्मक गतिविधियों द्वारा ब्रिटिश शासकों को भयभीत करना , तथा ( 2 ) साहसिक क्रिया - कलापों द्वारा आम जनता में साहस व नई ऊर्जा का संचार करना ।

बंगाल के दो क्रान्तिकारी नेताओं तथा दो समाचार - पत्रों के नाम बताइए ।

( 1 ) बंगाल के दो प्रसिद्ध क्रान्तिकारी नेता थे— ( i ) वारिन्द्रकुमार घोष , ( ii ) अरविन्द घोष । ( 2 ) बंगाल में क्रान्तिकारी विचारों का प्रचार - प्रसार करने वाले दो समाचार पत्र थे - ( i ) युगान्तर , तथा ( ii ) सन्ध्या ।

कलकत्ता के न्यायाधीश किंग्सफोर्ड ( कसाई काजी नाम से कुख्यात ) की गाड़ी पर बम फेंकने वाले कौनसे क्रान्तिकारी थे ?

कसाई काजी के नाम से कुख्यात कलकत्ता के न्यायाधीश किंग्सफोर्ड की गाड़ी पर खुदीराम बोस तथा प्रफुल्ल चाकी ने बम फेंका था ।

दिल्ली में वायसराय लार्ड हार्डिंग्स पर कब और किसने बम फेंका था ?

दिल्ली में वायसराय लार्ड हार्डिंग्स के जुलूस पर राजस्थान के प्रसिद्ध क्रान्तिकारी जोरावर सिंह बारहठ ने 23 दिसम्बर , 1912 ई.को बम फेंका था ।

गदर पार्टी की स्थापना कब , किसने और कहाँ की थी ?

गदर पार्टी की स्थापना लाला हरदयाल ने 10 मई , 1913 ई . को अमेरिका में केलिफोर्निया के यूली नामक नगर में की थी ।

लन्दन में इण्डिया हाउस की स्थापना कब और किसने की थी ?

प्रसिद्ध क्रान्तिकारी नेता श्यामजी कृष्ण वर्मा ने सन् 1905 ई . में लन्दन में इण्डिया हाउस की स्थापना की थी ।

' कामागाटामारु'काण्ड के बारे में आप क्या जानते हैं ?

26 सितम्बर , 1914 ई . को ' कामागाटामारु ' नामक एक जहाज 351 भारतीयों को लेकर हुगली पहुंचा । पुलिस के साथ इन लोगों का संघर्ष हुआ , जिसमें 18 व्यक्ति मारे गए । इसे ' कामागाटामारु काण्ड ' कहा जाता है ।

' कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी की स्थापना कब हुई थी ? इसके प्रथम अध्यक्ष कौन थे ?

कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी की स्थापना 1934 ई . में हुई थी । कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी के प्रथम अध्यक्ष आचार्य नरेन्द्र देव थे ।

कांग्रेस सोशलिस्टों का प्रथम अखिल भारतीय सम्मेलन कहाँ पर हुआ था ?

कांग्रेस सोशलिस्टों का प्रथम अधिवेशन 21 अक्टूबर , 1934 को बम्बई में हुआ था । इसमें कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी का विधान तथा कार्यक्रम पारित किया गया था ।

समाजवादी विचारों के लिए विख्यात वे कौनसे दो राष्ट्रीय नेता थे , जिन्होंने कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी को अपना सहयोग व समर्थन नहीं दिया था ?

समाजवादी विचारों के लिए विख्यात पं.जवाहरलाल नेहरू तथा सुभाषचन्द्र बोस ने कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी को अपना सहयोग व समर्थन प्रदान नहीं किया था ।

कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी की स्थापना के कोई दो लक्ष्य बताइए ।

( 1 ) कांग्रेस पार्टी से सम्बद्ध बने रहना , तथा ( 2 ) कांग्रेस को समाजवादी मूल्यों से आबद्ध किया जाना तथा कांग्रेस की बुनियादी नीतियों को बनाए रखना ।

कांग्रेस समाजवादी दल की दो उपलब्धियाँ बताइए ।

( 1 ) कांग्रेस के प्रभाव को बनाए रखना , तथा ( 2 ) अन्य राजनीतिक दलों के प्रहार से कांग्रेस को सुरक्षा कवच प्रदान करना ।

कांग्रेस समाजवादी दल की असफलता के किन्हीं तीन कारणों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) वैचारिक व सैद्धान्तिक मतभेद , ( 2 ) कांग्रेस पार्टी से अनन्यतम सम्बन्ध , ( 3 ) कांग्रेस समाजवादी दल तथा अन्य वामपंथी विचारधाराओं वाले राजनीतिक संगठनों की इसके प्रति संदेहास्पद धारणाएँ ।

फारवर्ड ब्लॉक की स्थापना किसने की थी ? इसका उद्देश्य क्या था ?

फारवर्ड ब्लॉक की स्थापना सुभाषचन्द्र बोस ने की थी । इसकी स्थापना का प्रमुख उद्देश्य काँग्रेस में गाँधी गुट के नेतृत्व को हटाना था ।

बर्लिन में सुभाषचन्द्र बोस ने जर्मन अधिकारियों के सामने कौनसे प्रस्ताव रखे ? किन्हीं दो का उल्लेख कीजिए ।

दो प्रस्ताव थे– ( i ) जर्मनी में भारतीय युद्धबन्दियों से लोगों को चुनकर आजाद हिन्द फौज ' का संगठन करेंगे । ( ii ) तीनों धुरी राष्ट्र - जर्मनी , जापान व इटली संयुक्त रूप से भारत की स्वाधीनता की घोषणा करेंगे ।

आजाद हिन्द फौज से आपका क्या आशय है ?

जब जापान ने म्यांमार ( बर्मा ) , सिंगापुर , मलाया आदि पर अधिकार कर लिया , तो रासबिहारी बोस ने भारतीय राष्ट्रीय सेना का गठन किया । जापान ने ब्रिटिश सेना में कार्यरत 60 हजार भारतीय सैनिकों को बन्दी बनाया था । उन सबको आजाद हिन्द फौज में भर्ती किया गया ।

आजाद हिन्द फौज की स्थापना कब हुई थी ?

आजाद हिन्द फौज की स्थापना 1942 ई.में टोकियो में की गई थी । इसमें प्रवासी भारतीयों को शामिल किया गया था ।

आजाद हिन्द फौज का पुनर्गठन किसने किया ?

आजाद हिन्द फौज का पुनर्गठन सुभाषचन्द्र बोस ने किया था ।

सुभाषचन्द्र बोस ने आजाद हिन्द फौज का पुनर्गठन करके उसकी कौन - कौनसी बिग्रेड़ें बनाई थीं ?

सुभाषचन्द्र बोस ने आजाद हिन्द फौज का पुनर्गठन करके चार ब्रिगेड़ें बनाई थीं ( i ) गाँधी ब्रिगेड , ( ii ) आजाद ब्रिगेड , ( iii ) नेहरू ब्रिगेड , ( iv ) सुभाष ब्रिगेड । महिला ब्रिगेड की कमान डॉ.लक्ष्मी स्वामीनाथन को सौंपी गई थी ।

कांग्रेस डेमोक्रेटिक पार्टी की स्थापना किसने और कहाँ पर की थी ?

कांग्रेस डेमोक्रेटिक पार्टी की स्थापना सुभाषचन्द्र बोस ने लाहौर में की थी ।

जापानी सरकार के अनुसार सुभाषचन्द्र बोस की मृत्यु कब , कहाँ और कैसे हुई थी ?

जापानी सरकार के अनुसार नेताजी सुभाषचन्द्र बोस की मृत्यु एक हवाई दुर्घटना में ( ताइपेह में ) 18 अगस्त , 1945 ई . को हुई थी । ताइपेह में उनका अन्तिम संस्कार किया गया था ।

नेताजी सुभाषचन्द्र ने कौनसे दो प्रसिद्ध नारे दिए थे ?

नेताजी सभाषचन्द्र बोस ने दो प्रसिद्ध नारे दिए थे— ( 1 ) दिल्ली चलो , ( 2 ) जय हिन्द ।

सुभाषचन्द्र बोस ने अण्डमान और निकोबार द्वीपों पर आधिपत्य करके उनके क्या नाम रखे थे ?

सुभाषचन्द्र बोस ने दिसम्बर , 1943 में अण्डमान का नाम ' शहीद ' और निकोबार का नाम ' स्वराज ' रखा था ।

आजाद हिन्द फौज की स्थापना के दो उद्देश्य बताइए ।

( 1 ) ब्रिटिश दासता से मुक्ति प्राप्त करने के लिए युद्ध करना । ( 2 ) भारतीयों में देशप्रेम , राष्ट्रीयता तथा सैनिक गुणों का विकास करना ।

सुभाषचन्द्र बोस कांग्रेस के अध्यक्ष कब बने ? उन्होंने अस्थायी सरकार की स्थापना कब की थी ?

सुभाषचन्द्र बोस 1938 में हरिपुरा अधिवेशन में तथा 1939 में त्रिपुरा अधिवेशन में कांग्रेस के अध्यक्ष चुने गए थे । 21 अक्टूबर , 1943 ई.को सुभाषचन्द्र बोस ने अस्थायी सरकार की स्थापना की थी ।

आजाद हिन्द फौज की दो सफलताएँ बताइए ।

आजाद हिन्द फौज की दो सफलताएँ थीं— ( 1 ) कोहिमा पर अधिकार , ( 2 ) रंगून पर अधिकार ।

भारत में मजदूर आन्दोलन संगठित करने वाला प्रथम नेता कौन था ?

एन.एम. लोखंडे को भारतीय श्रमिकों के पहले नेता के रूप में माना जा सकता है । इसके बाद वी.पी. वाडिया थे जिन्होंने चेन्नई श्रम संघ , 1918 का गठन किया जो भारत का पहला ट्रेड यूनियन संगठन था ।

मराठा कृषक आन्दोलन कब और क्यों हुआ था ?

सन् 1875 ई . में मारवाड़ी तथा गुजराती साहूकारों के शोषण तथा अत्याचारों के विरुद्ध मराठा किसानों के द्वारा आन्दोलन किया गया था ।

बंगाल में पबना तथा बोगरा नामक स्थानों पर किसानों ने कब और क्यों आन्दोलन किया था ?

सन् 1872 में बंगाल में पबना तथा बोगरा नामक स्थानों पर किसानों द्वारा जमींदारों के अत्याचारों के विरुद्ध आन्दोलन किया गया था ।

चम्पारन में कृषक आन्दोलन का नेतृत्व किसने और क्यों किया था ?

चम्पारन में कृषक आन्दोलन का नेतृत्व 1917 ई . में महात्मा गाँधी द्वारा किया गया था क्योंकि वहाँ पर नील के कृषकों पर यूरोपियनों द्वारा अत्याचार किए जा रहे थे ।

स्वतंत्रता से पूर्व भारत में हुए दो प्रमुख कृषक आन्दोलन बताइए ।

( 1 ) 1945 में बम्बई के निकट किसानों द्वारा वहाँ के जमींदारों के विरुद्ध आन्दोलन किया गया । ( 2 ) सन् 1946-47 में बंगाल में तेभागा कृषक आन्दोलन हुआ था ।

अखिल भारतीय किसान सभा की स्थापना कब और क्यों की गई थी ?

अखिल भारतीय किसान सभा की स्थापना 1916 में लखनऊ में हुई थी । इसका उद्देश्य कृषक हितों की सुरक्षा तथा जमींदारों के अन्याय व शोषण का विरोध था ।

बारदौली कृषक आन्दोलन कब , किसने और क्यों शुरू किया था ?

बारदौली कृषक आन्दोलन 1928 में सरदार वल्लभभाई पटेल के नेतृत्व में किसानों ने लगान वृद्धि के विरोध में शुरू किया था ।

सत्यशोधक समाज की स्थापना कब , किसने और क्यों की थी ?

सत्यशोधक समाज की स्थापना 1872 में ज्योतिराव फूले द्वारा की गई थी । इसका उद्देश्य ब्राह्मणों के वर्चस्व तथा प्रभुत्व का विरोध करना था ।

पूना पैक्ट कब और किस - किसके मध्य सम्पन्न हुआ था ?

पूना पैक्ट 26 सितम्बर , 1932 को डॉ . भीमराव अम्बेडकर तथा महात्मा गाँधी के मध्य हुआ था ।

रानी गेंडनलियु के बारे में आप क्या जानते हैं ?

रानी गेंडनलियु क्रान्तिकारी नागा महिला थी । उन्होंने मणिपुर में अंग्रेजों को खदेड़ने का प्रयास किया । उन्हें 14 वर्ष के कारावास की सजा दी गई थी ।

सरोजिनी नायडू कौन थी ?

सरोजिनी नायडू एक ओजस्वी वक्ता , महान स्वतंत्रता सेनानी और प्रखर कवयित्री थी । 1930 के सविनय अवज्ञा आन्दोलन में उन्होंने ' घरसाना के नमक भण्डार ' पर कब्जा किया , असहयोग आन्दोलन में भाग लिया तथा कई बार जेल यात्राएँ की ।

' आर्य महिला सभा की स्थापना किसके द्वारा की गई थी ?

' आर्य महिला सभा ' की स्थापना सन् 1881 में पंडिता रमाबाई ने की थी ।

दो भारतीय महिलाओं के नाम बताइए , जिन्होंने स्विषों की स्थिति को सुधारने का प्रयास किया ।

( 1 ) पण्डिता रमाबाई , तथा ( 2 ) सावित्री बाई फूले ने भारतीय महिलाओं की स्थिति को सुधारने की दिशा में कई महत्त्वपूर्ण कार्य किए थे ।

1930 ई . के सविनय अवज्ञा आन्दोलन में भाग लेने वाली किन्हीं चार महिलाओं के नाम लिखिए ।

कमला नेहरू सरोजिनी नायडू कमलादेवी चट्टोपाध्याय , तथा अरुणा आसफ अली ।

1935 के भारत शासन अधिनियम के अन्तर्गत प्रान्तों में बनने वाली किन्हीं दो महिला मंत्रियों के नामों का उल्लेख कीजिए ।

1935 ई.के भारत शासन अधिनियम के अन्तर्गत प्रान्तों में बनने वाली दो महिला मंत्रियों के नाम हैं ( 1 ) विजयलक्ष्मी पण्डित , तथा ( 2 ) श्रीमती सुचेता कृपलानी ।

कमलादेवी चट्टोपाध्याय के बारे में आप क्या जानते हैं ?

कमलादेवी चट्टोपाध्याय एक राष्ट्रवादी महिला थी । उन्होंने असहयोग आन्दोलन ( 1920-23 ) में भाग लिया । उन्हें गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया था ।

' मदर ऑफ इण्डियन रेवोल्यूशन ' किसे कहा जाता है ?

मैडम भीकाजी कामा को ' मदर ऑफ इण्डियन रेवोल्यूशन ' के नाम से जाना जाता है ।

1909 के भारत सरकार अधिनियम की कोई दो धाराएँ बताइए ।

( 1 ) केन्द्रीय विधान परिषद के सदस्यों की कुल संख्या 69 निश्चित की गई । ( 2 ) प्रान्तीय विधानमण्डल के सदस्यों की संख्या में भी वृद्धि की गई ।

1909 के भारत सरकार अधिनियम की दो विशेषताएँ बताइए ।

( 1 ) गवर्नर जनरल की कार्यकारिणी तथा भारत सचिव की कौंसिल में भारतीयों को स्थान दिया गया । ( 2 ) विधान परिषदों का विस्तार किया गया ।

1909 के भारत सरकार अधिनियम के दो दोष बताइए ।

( 1 ) इस अधिनियम द्वारा मुसलमानों को पृथक् निर्वाचन का अधिकार दिया गया । ( 2 ) भारतीयों की उत्तरदायी शासन की माँग को स्वीकार नहीं किया गया ।

द्वैध शासन व्यवस्था क्या है ?

द्वैध शासन व्यवस्था का अर्थ है — दो शासकों का शासन या दोहरा शासन ।

1919 के अधिनियम के किन्हीं दो दोषों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) 1919 के अधिनियम में केन्द्रीय कार्यपालिका के सभी कार्य एवं शक्तियाँ गवर्नर जनरल व उसकी कार्यकारिणी में ही नियत रखी गई थी । ( 2 ) प्रान्तों की विधान परिषदों का संगठन दोषपूर्ण था ।

1919 के अन्तर्गत द्विशासन ( द्वैधशासन ) के किन्हीं दो दोषों का उल्लेख कीजिए ।

( 1 ) प्रान्तीय विषयों का संरक्षित और हस्तान्तरित विषयों में विभाजन अवैज्ञानिक था । इस वर्ग का कोई भी विभाग अपने में पूर्ण नहीं था । ( 2 ) कार्यकारिणी परिषद् उत्तर सदस्यों और मंत्रियों में सहयोग की भावना नहीं थी । गवर्नर इनके साथ विभिन्न प्रकार का व्यवहार करता था ।

1935 के अधिनियम के अन्तर्गत ' प्रान्तीय स्वायत्तता ' क्या थी ?

1935 के अधिनियम के अन्तर्गत प्रान्तीय स्वायत्तता का अर्थ था — प्रान्तों की पृथक वैधानिक सत्ता । प्रान्तों में द्वैध शासन को समाप्त कर दिया गया और उसके स्थान पर प्रान्तीय स्वायत्तता स्थापित की गई तथा प्रान्तों में द्विसदनीय विधानमण्डलों की व्यवस्था की गई ।

1919 के अधिनियम में प्रशासनिक विषयों को कितने भागों में बाँटा गया था ?

1919 के अधिनियम में प्रशासनिक विषयों को दो भागों में ( i ) सुरक्षित विषय , तथा ( ii ) हस्तान्तरित विषय में बाँटा गया था ।

1935 के अधिनियम की प्रमुख विशेषता क्या थी ?

1935 के अधिनियम के द्वारा प्रान्तों में द्वैध शासन स्थगित कर दिया गया तथा केन्द्र में द्वैध शासन लागू किया गया था ।

1935 के अधिनियम में प्रशासनिक विषयों को कितने भागों में बाँटा गया था ?

1935 के अधिनियम के अनुसार प्रशासनिक विषयों को तीन भागों में बाँटा गया था— ( i ) संघीय सूची , ( ii ) प्रान्तीय सूची , तथा ( iii ) समवर्ती सूची ।

केन्द्रीय सूची , प्रान्तीय सूची तथा समवर्ती सूची में कितने - कितने विषय थे ?

केन्द्रीय सूची में 59 , प्रान्तीय सूची में 54 तथा समवर्ती सूची में 36 विषय थे ।

1935 के अधिनियम के द्वारा न्याय - व्यवस्था में क्या सुधार किया गया ?

1935 के अधिनियम के द्वारा न्याय - व्यवस्था के अन्तर्गत भारत में संघीय न्यायालय की स्थापना की गयी ।

भारत में साम्प्रदायिकता के उद्भव के कोई दो कारण बताइए ।

भारत में साम्प्रदायिकता के उद्भव के दो कारण थे— ( 1 ) ब्रिटिश नौकरशाही , ( 2 ) कांग्रेस तथा साम्प्रदायिक मुस्लिम नेता ।

"" मुस्लिम लीग एक साम्प्रदायिक संस्था थी । "" दो तर्क दीजिए ।

मुस्लिम लीग एक साम्प्रदायिक संस्था थी , क्योंकि ( 1 ) इसका उद्देश्य ब्रिटिश सरकार के प्रति राजभक्ति पैदा करना था । ( 2 ) इसने राष्ट्रीय आन्दोलन के प्रवाह को रोकने का कार्य किया था ।

मुस्लिम लीग जैसी साम्प्रदायिक संस्था प्रगतिशील व राष्ट्रीय संस्था कांग्रेस के सम्पर्क में कैसे आई ? कोई दो कारण बताइए ।

मुस्लिम लीग जैसी साम्प्रदायिक संस्था के प्रगतिशील व राष्ट्रीय संस्था कांग्रेस के सम्पर्क में आने के दो कारण थे— ( 1 ) बंगाल विभाजन को रद्द कर दिया जाना । ( 2 ) अंग्रेजों द्वारा खलीफा का विरोध ।

' कामरेड ' नामक अंग्रेजी साप्ताहिक समाचार - पत्र कब और किसने निकाला था ?

' कामरेड ' नामक अंग्रेजी साप्ताहिक समाचार - पत्र सन् 1912 में मौलाना मुहम्मद अली द्वारा निकाला गया था ।

लखनऊ समझौता कब और किस - किसके मध्य सम्पन्न हुआ था ?

लखनऊ समझौता 1916 में कांग्रेस और मुस्लिम लीग के मध्य सम्पन्न हुआ था ।

लखनऊ समझौता क्या था ?

लखनऊ समझौते के द्वारा कांग्रेस ने मुसलमानों के लिए पृथक् साम्प्रदायिक निर्वाचन की बात मान ली और मुस्लिम लीग ने भी कांग्रेस की स्वशासन की माँग का समर्थन करना स्वीकार कर लिया ।

लखनऊ समझौते के कोई दो प्रावधान बताइए ।

लखनऊ समझौते के दो प्रावधान थे— ( 1 ) ब्रिटिश सरकार शीघ्र से शीघ्र घोषणा करे कि भारतीयों को स्वशासन देना है । ( 2 ) प्रान्तीय धारा सभाओं में 80 प्रतिशत सदस्य सीधे जनता द्वारा विस्तृत मताधिकार के आधार पर चुने जाएँ ।

लखनऊ समझौते की दो आलोचनाएँ बताइए ।

( 1 ) इसमें स्वशासन की माँग नहीं की गई थी । ( 2 ) कांग्रेस ने साम्प्रदायिकता को स्वीकार करके पाकिस्तान का बीजारोपण कर दिया ।

आर्य समाज के शुद्धि आन्दोलन के विरोध में कब , किसने और कौनसे आन्दोलन आरम्भ किए थे ?

आर्य समाज के शुद्धि आन्दोलन के विरोध में 1923 में डॉ . किचलू ने अमृतसर ' तन्जीम ' तथा ' तबलीग ' आन्दोलन चलाए थे ।

सी.आर. फार्मूला की मुख्य माँगें क्या थीं ?

( 1 ) मुस्लिम लीग भारत की स्वतन्त्रता के लिए कांग्रेस की मांग का समर्थन करेगी । ( 2 ) भारत के उत्तर - पश्चिमी क्षेत्रों के सम्बन्ध में एक आयोग का गठन किया जायेगा जो ऐसे क्षेत्रों की सीमाएँ निर्धारित करेगा जहाँ मुस्लिम जनसंख्या पूर्ण बहुमत में है ।

कैबिनेट मिशन के सदस्यों के नाम बताइए ।

कैबिनेट मिशन के तीन सदस्यों में लॉर्ड पेथिक लारेंस , सर स्टैफोर्ड क्रिप्स और ए.बी. एलेक्जेण्डर थे । ये तीनों व्यक्ति ब्रिटिश मंत्रिमण्डल के प्रमुख सदस्य थे ।

राजगोपालाचार्य योजना क्या थी ? इसे कब प्रस्तुत किया गया था ?

राजगोपालाचार्य योजना मुस्लिम लीग के साथ समझौता करके स्वतन्त्रता प्राप्त करने की योजना थी । यह सन् 1944 में प्रस्तुत की गयी थी ।

भारत की स्वतंत्रता के समय इंग्लैण्ड के प्रधानमंत्री व भारत के वायसराय कौन थे ?

भारत की स्वतंत्रता के समय इंग्लैण्ड के प्रधानमंत्री लार्ड एटली थे तथा भारत के वायसराय माउण्टबेटन थे ।

अन्तरिम सरकार कब व किसके नेतृत्व में बनाई गई थी ?

अन्तरिम सरकार 2 सितम्बर , 1946 को नेहरू के नेतृत्व में बनाई गयी थी ।

1956 के राज्य पुनर्स्थापन अधिनियम के अनुसार कितने राज्य और संघ शासित प्रदेशों का गठन हुआ था ? अथवा 1 नवम्बर , 1956 को भारत में कितने राज्य और संघ शासित प्रदेश थे ?

1 नवम्बर , 1956 को भारत में 14 राज्य तथा 6 संघशासित प्रदेश थे ।

स्वतंत्रता से पूर्व भारत में कितनी देशी रियासतें थीं ?

स्वतंत्रता से पूर्व भारत में 562 देशी रियासतें थीं ।

किन राज्यों को सैनिक कार्यवाही के बाद भारत में मिलाया गया था ?

हैदराबाद तथा जूनागढ़ को सैनिक कार्यवाही के बाद भारत में मिलाया गया था ।

जूनागढ़ को भारत में कब सम्मिलित किया गया ?

जूनागढ़ फरवरी , 1948 में भारत संघ में सम्मिलित हुआ ।

राज्य पुनर्गठन अधिनियम कब पास किया गया ?

राज्य पुनर्गठन अधिनियम जुलाई , 1956 में पास किया गया ।

भारत सरकार ने राज्य पुनर्गठन आयोग की स्थापना कब की ? इसके अध्यक्ष कौन थे ?

भारत सरकार ने राज्य पुनर्गठन आयोग की स्थापना 23 दिसम्बर , 1953 ई . को की । इसके अध्यक्ष सैयद फजल अली थे ।

किसके प्रयासों से भारतीय संघ में देशी रियासतों का विलय हुआ था ?

लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के प्रयासों से भारतीय संघ में देशी रियासतों का विलय हुआ था ।

भाषा के आधार पर भारत में कब और कौनसे राज्य का निर्माण हुआ था ?

भाषा के आधार पर सन् 1953 में आन्ध्रप्रदेश राज्य का निर्माण हुआ था ।

भारत का संविधान निर्माता किसे कहा जाता है ? संविधान कब लागू हुआ था ?

भारत का संविधान निर्माता डॉ . भीमराव अम्बेडकर को माना जाता है । भारत का संविधान 26 जनवरी , 1950 को लागू हुआ था ।

भारत की संविधान सभा के अध्यक्ष कौन थे ?

डॉ . राजेन्द्र प्रसाद संविधान सभा के अध्यक्ष थे तथा डॉ . बी.आर. अम्बेडकर प्रारूप ( मसौदा ) समिति के अध्यक्ष थे ।

असंलग्नता ( गुटनिरपेक्षता ) की नीति से क्या तात्पर्य है ?

किसी भी शक्ति गुट ( अमेरिका तथा सोवियत संघ के गुट ) में सम्मिलित हुए बिना अन्तर्राष्ट्रीय राजनीति में अपनी स्वतंत्र विदेश नीति को अपनाना ही असंलग्नता अथवा गुटनिरपेक्षता की नीति कहलाती है ।

असंलग्नता अथवा गुटनिरपेक्षता की नीति के कर्णधार कौन थे ?

पं.जवाहरलाल नेहरू ( भारत ) , कर्नल नासिर ( मिस्र ) तथा मार्शल टोटो ( इण्डोनेशिया ) असंलग्नता अथवा गुटनिरपेक्षता की नीति के कर्णधार थे ।

असंलग्नता ( गुटनिरपेक्षता ) की नीति के चार सिद्धान्त अथवा विशेषताएँ बताइए ।

( 1 ) उपनिवेशवाद और साम्राज्यवाद का विरोध , ( 2 ) UNO की नीतियों का समर्थन , ( 3 ) गुटों से पृथक् रहने की नीति , ( 4 ) विश्वशान्ति के समर्थन की नीति । उत्तर उत्तर

भारत द्वारा असंलग्नता ( गुटनिरपेक्षता ) की नीति क्यों अपनाई गई ? कोई चार कारण बताइए ।

( 1 ) विश्व में तनाव व संघर्ष की स्थिति उत्पन्न नहीं करना , ( 2 ) अपने विचार अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को बनाए रखना , ( 3 ) विदेशी सहायता प्राप्त करना , तथा ( 4 ) देश की एकता व अखण्डता को बनाए रखना ।

' पंचशील ' से क्या तात्पर्य है ?

पंचशील के सिद्धान्तों के द्वारा राष्ट्रों के लिए अन्य राष्ट्रों के साथ आचरण संबधी नियमों का प्रतिपादन किया जाता है ।

पंचशील सिद्धान्तों का प्रतिपादन कब और किनके द्वारा किया गया था ?

पंचशील के सिद्धान्तों का प्रतिपादन 29 अप्रैल , 1954 को पं . जवाहरलाल नेहरू ( भारत के प्रधानमंत्री ) और चाऊ.एन.लाई ( चीन के प्रधानमंत्री ) ने किया था ।

पंचशील के सिद्धान्त बताइए । अथवा नेहरू द्वारा प्रतिपादित ' पंचशील ' के पाँच प्रमुख तत्त्वों का उल्लेख कीजिए

पंचशील के सिद्धान्त हैं— ( 1 ) प्रादेशिक अखण्डता और सर्वोच्च सत्ता के लिए पारस्परिक सम्मान , ( 2 ) अनाक्रमण , ( 3 ) आन्तरिक मामलों में हस्तक्षेप न करन ( 4 ) समानता एवं पारस्परिक लाभ , ( 5 ) शान्तिपूर्ण सह - अस्तित्व ।

भारत की विदेश नीति की चार विशेषताएँ ( तत्त्व ) बताइए ।

भारत की विदेश नीति की चार विशेषताएँ हैं — ( 1 ) पंचशील सिद्धान्तों के समर्थ की नीति , ( 2 ) अफ्रो - एशियाई एकता की नीति , ( 3 ) संयुक्त राष्ट्र संघ की नीतिय के समर्थन की नीति , तथा ( 4 ) विश्व - शान्ति के समर्थन की नीति ।

भारतीय विदेश नीति के चार निर्धारक तत्त्व बताइए ।

भारत की विदेश नीति के चार निर्धारक तत्त्व हैं — ( 1 ) भारत की भौगोलिक स्थिति ( 2 ) राष्ट्रीय हित , ( 3 ) आर्थिक , तकनीकी एवं सैनिक तत्त्व , तथा ( 4 ) गाँधीवादी विचारधारा का प्रभाव ।

Download PDF

पीडीएफ डाउनलोड करें और इसे अपने दोस्तों के साथ शेयर करें


Post a Comment

0 Comments

Promoted Posts